जंतर-मंतर पर कब से हो रहे थे धरना-प्रदर्शन
- तथ्यों की पड़ताल करें तो पहले राजधानी में इस तरह के विरोध-प्रदर्शन इंडिया गेट के पास बोट क्लब पर होते थे।
- लेकिन, 1988 में किसान नेता महेंद्र सिंह टिकैत के व्यापक प्रदर्शन के दौरान बोट क्लब की सूरत और सेहत बिगड़ गई।
- फिर 1992 में बाबरी मस्जिद को गिराने के बाद पैदा हुए माहौल में 1993 में कांग्रेस की तत्कालीन केंद्र सरकार ने इस प्रदर्शन-स्थल को औपचारिक रूप से जंतर-मंतर पर शिफ्ट कर दिया और तब से लेकर वहीं पर प्रदर्शन हो रहे थे, जिसे अब डिनोटिफाई करके तीन अलग वेन्यू पर शिफ्ट किया गया है।