भोपाल। मध्य प्रदेश आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने शासकीय ई-मार्केटप्लेस (GeM) पोर्टल के जरिए 10.99 करोड़ रुपये के एक बड़े कंप्यूटर खरीद घोटाले का पर्दाफाश किया है। इस मामले में सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के लिए पुराने कंप्यूटरों को नया बताकर और निम्न गुणवत्ता वाले उपकरणों की आपूर्ति करने के आरोप में चार लोगों पर मामला दर्ज किया गया है।
आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा के महानिदेशक उपेंद्र जैन ने बताया कि ईओडब्ल्यू की जांच में पाया गया कि निविदा प्रक्रिया में भाग लेने वाली चार अलग-अलग फर्में वास्तव में एक ही व्यक्ति द्वारा नियंत्रित या उससे जुड़ी हुई थीं। इन फर्मों ने GeM पोर्टल पर टेंडर प्रक्रिया के दौरान एक-दूसरे का प्रतिस्पर्धी होने का झूठा दिखावा किया था।
ईओडब्ल्यू के अनुसार, इस पूरे फर्जीवाड़े को अंजाम देने के लिए निम्नलिखित तरीके अपनाए गए...
आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने अनियमितताओं में शामिल इन सभी फर्मों को ब्लैकलिस्ट (काली सूची में डालने) करने की सिफारिश की है। इस संदर्भ में 1 सितंबर को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की प्रासंगिक धाराओं के तहत आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।