Select Date:

चिनाब नदी पर भारत के प्रोजेक्ट से पाकिस्तान घबराया, पाकिस्तानी नेता ने बताया सिंधु जल संधि पर खतरा

Updated on 01-06-2026 02:41 PM
इस्लामाबाद: सिंधु जल संधि पर एक साल से ज्यादा समय से रोक से पाकिस्तान पहले ही बौखलाया हुआ है। अब चेनाब नदी पर भारत का मेगा प्रोजेक्ट दोनों देशों के बीच तनाव का नया केंद्र बन सकता है। भारत ने हिमाचल प्रदेश में चिनाब-ब्यास लिंक टनल पर काम तेजी से आगे बढ़ाने का फैसला किया है। यह पहल किसी इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट से कहीं ज्यादा नदी के पानी के इस्तेमाल और जल-संबंधी बढ़त बनाने के भारत के मजबूत रवैये के उभरने का संकेत है। इस प्रोजेक्ट ने पाकिस्तान में हलचल बढ़ा दी है।

क्या है भारत की चिनाब-ब्यास लिंक टनल?

इस प्रोजेक्ट का मकसद लाहौल-स्पीति में चंद्र नदी के अतिरिक्त पानी को 8.7 किमी लंबी सुरंग के जरिए ब्यास बेसिन में मोड़ना है। चंद्र और भागा चिनाब की ऊपरी सहायक नदियां हैं। चिनाब नदी भारत की उन तीन पश्चिमी नदियों में है, जो सिंधु जल संधि के तहत पाकिस्तान के हिस्से में आई हैं। यह प्रोजेक्ट पूरा होता है तो हिमाचल में बनबिजली उत्पादन में बढ़ोतरी के साथ ही उत्ती भारत में सिंचाई और जल-प्रबंधन प्रणालियां भी मजबूत होंगी।

भारत के हिस्से वाली नदी में आएगा पानी

खास बात है कि प्रोजेक्ट के तहत जो पानी मोड़ा जाएगा, वह ब्यास नदी में जाएगा जो इसी संधि के तहत भारत के हिस्से में आई है। ऐसे में इस प्रोजेक्ट का महत्व सिर्फ आर्थिक या पनबिजली उत्पादन तक सीमित नहीं है। यह दिखाता है कि भारत किस तरह सिंधु जल संधि के दायरे से बाहर निकलते हुए पश्चिमी नदियों के रणनीतिक महत्व को सिरे से परिभाषित कर रहा है।

भारत के प्रोजेक्ट से पाकिस्तान परेशान

पाकिस्तान के पूर्व सीनेटर और पंजाब प्रांत के पूर्व सिंचाई मंत्री मोहसिन लगारी ने इस सुरंग को सिंधु जल संधि का उल्लंघन बताया है। फ्राइडे टाइम्स में लिखे एक लेख में उन्होंने कहा कि चिनाब नदी में हर साल 3.5 करोड़ एकड़ फीट पानी बहती है और प्रस्तावित लिंक टनल केवल 10 लाख एकड़ फीट से भी कम पानी मोड़ेगी। उन्होंने कहा कि यह बहुत छोटा सा हिस्सा जरूर है, लेकिन यह छोटी सी संरचना बहुत महत्वपूर्ण है।संधि को कभी हिस्सों के आधार पर नहीं बनाया गया था। इसे अलगाव के सिद्धांत पर बनाया गया था। आप किसी नदी को एक बेसिन से दूसरे बेसिन में थोड़ा सा भी नहीं मोड़ सकते। ठीक वैसे ही जैसे आप किसी बांध में थोड़ा सा भी छेद नहीं कर सकते। नदी प्रणालियों का बंटवारा ही इस संधि की नींव थी। जो सुरंग इसे पार करती है, वह एक संरचनात्मक उल्लंघन है, न कि मामूली।

उन्होंने दावा किया कि सिंधु जल संधि चार चीजों की अनुमति देती है और चिनाब-ब्यास लिंक नहर इनमें से कोई नहीं है। ये चीजें इस तरह हैं-
1- नदी के पानी का घरेलू उपयोग
2- गैर-उपभोग्य उपयोग (जैसे नौकायन)
3- बेसिन के भीतर सीमित सिंचाई
4- नदी के बहाव पर आधारित बिजली उत्पादन, जिसमें पानी वापस वापस उसी नदी में छोड़ दिया जाता है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 30 July 2026
वॉशिंगटन: डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि चीन ईरान को मिसाइलों की सप्लाई कर रहा है और पाकिस्तान इसमें मदद कर रहा है ये बात उनके लिए 'हैरान करने वाला…
 30 July 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान की सेना ने कब्जे वाले कश्मीर की धरती खून से लाल कर दी है। असीम मुनीर के आदेश पर प्रदर्शनकारियों पर भयानक गोलीबारी की गई है। प्रदर्शन करने…
 30 July 2026
वॉशिंगटन: इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की इस हफ्ते अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात हुई है। इस मुलाकात में उन्होंने ईरान के मामले में हर विकल्प खुला रखने यानी सैन्य…
 30 July 2026
वॉशिंटगन: दूसरे विश्वयुद्ध के बाद से बने लगभग हर संवेदनशील रेडिएशन डिटेक्टर के लिए ऐसे स्टील का इस्तेमाल किया जाता है जो पहले परमाणु परीक्षण से पहले डूबे जहाजों से…
 30 July 2026
सिंगापुर: सिंगापुर के पूर्व राजनयिक किशोर महबूबानी ने कहा है कि भारत ने हालिया दशकों में, अपनी आजादी के बाद से काफी तरक्की की है। उन्होंने कहा कि चीन की…
 30 July 2026
मास्‍को: यूक्रेन से जंग के बीच रूस दुनिया के सबसे बड़े और सबसे ज्‍यादा हथियारों से लैस युद्धपोत Admiral Nakhimov पर 3 Ka-31 एयरबॉर्न अर्ली वार्निंग हेलिकॉप्‍टर तैनात कर सकता…
 28 July 2026
टोक्यो: जापान में 7.1 की तीव्रता से भूकंप के झटके महसूस किए गये हैं जिसके बाद सुनामी का अलर्ट जारी कर दिया गया है। जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने बताया…
 28 July 2026
काठमांडू: नेपाल ने भारत से अनुरोध किया है कि वह नेपाली नागरिकों के बॉयोमेट्रिक राष्ट्रीय पहचान पत्र (Natioanl Identity Card) को यात्रा दस्तावेज के रूप में मान्यता दे। राजनयिक चैनलों…
 28 July 2026
तेहरान: होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर हमले का ईरान का दांव कामयाब होता दिख रहा है। पिछले तीन दिनों के मैरीटाइम डेटा से पता चलता है कि होर्मुज जलडमरूमध्य से…
Advt.